रायपुर। निजी कंपनी में शेयर होल्डर बनाने और लाभांश दिलाने का झांसा देकर एक दंपत्ति द्वारा ठगी का एक मामला सामने आया है. आरोपियों ने चौबे कालोनी रायपुर एवं महासमुंद निवासी पूर्व केंद्रीय मंत्री पुरूषोत्तम लाल कौशिक के पुत्र दिलीप कौशिक को ठगी का शिकार बनाया है।
कौशिक ने आरोपियों की कंपनी में चार करोड़ रुपए का निवेश किया था। आरोपी मनीष शाह और ऋचा शाह ने चार करोड रुपए हड़पने के साथ- साथ लाभांश भी नहीं दिया। आरोपियों के खिलाफ खम्हरडीह थाने में ठगी का केस दर्ज किया गया है। पुलिस का कहना है कि आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद पूरे मामले पर कुछ कह पायेंगे। फिलहाल गिरफ्तारी नहीं हुई है।
खम्हारडीह थाना पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार 24 अक्टूबर 2013 से 27 जुलाई 2016 के बीच आरोपी दंपत्ति मनीष शाह और ऋ चा शाह ने अपने कंपनी में शेयर होल्डर बनाने एवं रकम लगाने पर 30 प्रतिशत फायदा होने का प्रलोभन प्रार्थी दिलीप कौशिक को दिया। जिसके बाद आरोपियों के झांसे में आकर प्रार्थी दिलीप कौशिक ने कंपनी में 4 करोड़ रुपये लगा दिया। आरोपी दंपत्ति कंपनी के मुख्य डायरेक्टर है और प्रार्थी दिलीप कौशिक भी इस कंपनी का डायरेक्टर है. दिलीप कौशिक द्वारा कंपनी में पैसा लगाने के बाद भी उसको न तो शेयर दिया गया और न लाभांश दिया गया। आरोपी उसको लगातार घुमा रहे थे जिससे परेशान होकर कौशिक ने एसएसपी रायपुर से शिकायत की और उसके बाद खम्हारडीह थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है।
कौशिक इस मामले में पिछले कुछ समय से शाह दंपत्तियों से अपने हक को लेकर बात करते रहे हैं और शाह दंपति 2014 से आश्वासन दे करके मामले को टालते रहे हैं और गत वर्ष 2018 में दिलीप कौशिक और अन्य सदस्यों ने इस मामले पर बोर्ड की बैठक करा कर प्रकरण की निराकरण की मांग की तो प्रार्थी के अनुसार शाह दंपत्ति की नियत सही नहीं लगी. कौशिक ने कल ही एसएसपी रायपुर को अपना मांग पत्र एवं शाह दंपत्ति के संबंध में पूरी जानकारी दी है और उसके बाद खमतराई थाने मेंं रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस का कहना है कि आरोपियों की अभी गिरफ्तारी नहीं हो पायी है।