विधायक समर्थंक सिविल लाइन थाने पहुंचे
बिलासपुर । लॉक डाउन होने के बाद गरीब भूखों रिक्शा चालकों व जरूरत मन्दो को खाना खिलाना शहर विधायक शैलेष पांडेय को मंहगा पड़ गया है । रविवार को उनके दफ्तर के बाहर भारी भीड़ जमा हो गई । विधायक ने स्वयं माइक से एलाउंस कर सबको घर जाने कहा और पुलिस को सूचित किया । पुलिस ने वहां पहुंचकर धारा 144 का उल्लंघन होना पाते ह्यूए विधायक के खिलाफ धारा188 के तहत मामला दर्ज किया तो इसकी जानकारी होने पर विधायक समर्थंक सिविल लाइन थाने पहुंच गए । इस मामले को कांग्रेस के गुटीय राजनीति से भी जोड़कर देखा न रह है।
कोरोना वायरस के चलते शहर में लॉक डाउन होने के कारण विधायक शैलेष पांडेय जनप्रतिनिधि होने के नाते इस लॉक डाउन बंद के दौरान गरीब, रोजी मजदूर ,रिक्शा चालक और भिक्षुक वर्ग भूखा ना रहे इस उद्देश्य से लगातार उन्हें राशन का पैकेट वितरित कर रहे हैं। इसके लिए उन्होंने अपना पर्सनल फोन नंबर भी सार्वजनिक कर दिया है। एक तरफ बिलासपुर विधायक लोगों के पास जा जा कर राशन का वितरण कर रहे हैं तो वहीं इसकी सूचना पाकर बड़ी संख्या में लोग वेयरहाउस रोड स्थित उनके कार्यालय में पहुंच रहे हैं।
कांग्रेस विधायक शैलेष पांडेय ने कहा कि उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज होने की जानकारी उन्हें मिली है । मैं सरकार द्वारा तय समय में ही गरीबों को राशन बांट रहा हूँ सोशल डिस्टेंसी का भी ध्यान रखा जा रहा है। एकाएक बड़ी संख्या में लोग पहुंच गए, ये तो प्रशासन की जिम्मेदारी होनी थी कि शहर की सड़कों पर एक साथ इतने लोग कैसे घूम रहे थे मैं तो गरीबों की सेवा कर रहा हूं । यदि ये जुर्म है तो जुर्म ही सही भीड़ होने पर पुलिस को मैंने ही सूचना दी तब जाकर वे वहां पहुंचे।
इसके चलते यहां अक्सर लोगों की भीड़ जमा हो जा रही है। इसे धारा 144 का उल्लंघन मानते हुए सिविल लाइन पुलिस ने विधायक के खिलाफ एफ आई आर दर्ज करने की बात कही है। विधायक द्वारा वाहन में बैठकर गेट के बाहर खड़ी भीड़ को माइक के द्वारा अपने अपने घर चले जाने का निवेदन करते हुए एक वीडियो भी वायरल हुआ है ।
सिविल लाइन पुलिस थाने के प्रभारी परिवेश तिवारी ने बताया कि रविवार की सुबह विधायक शैलेष पांडेय के यहां काफी भीड़ इकट्ठा थी वे वहां धारा 144 का उलंघन कर राशन बांट रहे थे ऐसे में उनके खिलाफ आईपीसी की धारा 188 के तहत जुर्म दर्ज किया गया है और इसकी जांच की जा रही है ।