रायपुर । देश के विभिन्न राज्यो में लाखों की संख्या में मजदूर फंसे हुए है लॉक डाउन नेके कारण ये मजदूर अपने घरों को नही जा पा रहे है और जहां है उस राज्य के लिए परेशानी बने हुए हुए है क्योंकि कोई भी राज्य की सरकार नही चाहती कि दूसरे राज्य के मजदूरों के कारण उनके यहां कोरोना का संकट बढ़े इसी वजह से अनेक राज्यो के मुख्यमंत्रियों ने केंद्र सरकार और रेल मंत्री से मांग की है कि विभिन्न राज्यो से निःशुल्क ट्रेन सेवा शुरू की जाए ताकि दूसरे राज्यों में फंसे मजदूर अपने अपने घर सकुशल पहुंच सके भले ही उन्हें अपने राज्य व जिला मुख्यालय पहुंचने पर निश्चित तिथि तक क्वारनटाईन में रखा जाए ।
यह एक बड़ी समस्या है और विभिन्न राज्यों को कोरोना संक्रमण से बचाने मजदूरों को उनके घर भेजने के सिवाय और कोई दूसरा विकल्प फिलहाल नही है । अनेक राज्यो में रोजी रोटी की तलाश में गए लाखो की संख्या में मजदूर विकट परिस्थिति में है और वे कोई व्यवस्था होते न देख बहुतायत संख्या में कई राज्यो की सीमा पार कर हजारों किमी पैदल चलकर ही अपने घर पहुंचने की कोशिश कर रहे है यह बेहद खतरनाक है इस पर केंद्र सरकार को जल्द निर्णय लेना चाहिए हालांकि अपने घर पहुंच जाने के बाद ज्यादातर श्रमिक भविष्य में दूसरे राज्य जाने के लिए तौबा कर लेंगे ।
छत्तीसगढ़ से भी प्रतिवर्ष धान कटाई के बाद बड़ी संख्या में मजदूर दूसरे राज्यो में काम की तलाश में जाते है । ज्यादातर लोग ईट भट्ठों में काम करते है । छत्तीसगढ़ के मजदूरों की कई राज्यो मे काफी मांग रहती है ।
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने दूसरे राज्यो में फंसे छत्तीसगढ़ के मजदूरों को वापस लाने कई तरह के सार्थक कदम उठाए है उन्होंने अनेक राज्यो के मुख्यमंत्री से बात कर उनके राज्यो में फंसे छत्तीसगढ़ के मजदूरों का ध्यान रखने व उनके भोजन आदि का प्रबंध करने का भी आग्रह कर चुके है इतना ही नही अनेकों श्रमिको के खाते में राशि भी जमा करवाये गए है । मुख्य मंत्री भूपेश बघेल भी केंद सरकार से मजदूरों के लिए विशेष ट्रेन चलाने की मांग कर चुके है ।
इधर झारखंड राज्य के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने भी रेल मंत्री से बातकर कहा किआप रेल चलाये, लोगो को हम वापस झारखंड ले आएंगे
_उल्लेखनीय है कि कोरोना वायरस की वजह से पूरे देश में लॉकडाउन लगा हुआ है, जिसके कारण झारखंड के लोग दूसरे राज्यों में फंसे हुए हैं. लगातार मजदूरों के द्वारा वीडियो बनाकर सरकार से मदद मांगी जा रही है, लेकिन लॉकडाउन होने के कारण सरकार उन्हें वापस नहीं ला पा रही है ।
_बुधवार को सीएम हेमंत सोरेन ने इसको लेकर रेल मंत्री पीयूष गोयल से बात भी की. सीएम हेमंत सोरेन ट्विटर पर लिखा ‘रेल मंत्री पीयूष गोयल जी से बात हुई, जहां मैंने उनसे आग्रह किया है कि रेल परिचालन शुरू करें ताकि हम जल्द से जल्द सभी राज्यों में फंसे छात्रों समेत 5 लाख से अधिक प्रवासी श्रमिकों को सोशल डिस्टेंसिंग के नियमों का पालन कर राज्य सकुशल वापस ले आएं.।
_बता दें कि झारखंड के कई सारे मजदूर महाराष्ट्र, केरल, तमिलनाडू समेत कई राज्यों में फंसे हुए हैं, जो लगातार सरकार से घर लाने की मांग कर रहे हैं. काम बंद होने के कारण उनके पास खाने की समस्या उत्पन्न हो गई है_यही स्थिति कमोबेश छत्तीसगढ़ के मजदूरों के साथ है । गुजरात ,हरियाणा ,उत्तरप्रदेश ,दिल्ली ,जम्मू सहित कई राज्यो में छत्तीसगढ़ के मजदूर फंसे हुए है ।राज्य सरकार फिलहाल सूचना के आधार पर मुश्किलों में फंसे मजदूरों को राहत पहुंचाने का प्रयास कर रही है।