बिलासपुर । आपसी मनमुटाव को समाप्त करने और रंग ,भंग ,उमंग का पर्व “होली” को लेकर अनगिनत साहित्यकारों,कवियों और लेखकों ने काफी कुछ लिख डाला है ।आज हम वरिष्ठ और खांटी छत्तीसगढ़िया साहित्यकार स्व डा.पालेश्वर प्रसाद शर्मा द्वारा होली पर्व को लेकर लिखे रचनाओं से अवगत करा रहें है ।








