बिलासपुर । प्रदेश में सत्ता परिवर्तन हुए दो साल हो रहे है मगर जिला सहकारी केन्द्रीय बैंक बिलासपुर में चेयरमैन पद पर नियुक्ति राजनैतिक भंवरजाल में लटका हुआ है जबकि सरकार बनने के बाद आयोग , निगम , मंडलों के अधिकांश पदों पर सरकार ने कांग्रेस के समर्पित व निष्ठावान कार्यकर्ताओ को मौका देते हुए नियुक्ति कर दिया है यहां तक कि नगरनिगमों ,नगर पालिकाओं ,व नगर पंचायतों में एल्डरमैन तक की नियुक्ति की जा चुकी है ऐसे में जिला सहकारी बैंक के चेयरमैन की नियुक्ति अब तक नहीं किया जाना राजनैतिक सस्पेंस के अलावा कुछ नहीं है ।
चेयरमैन पद को लेकर या तो सरकार निर्णय नहीं ले पा रही है या फिर दावेदारों के बीच मामला खटाई में पड़ गया है लेकिन आज नहीं तो कल नियुक्ति तो करना ही पड़ेगा । पिछले दो साल से चेयरमैन पद के लिए रायपुर ,दिल्ली तक के कांग्रेस के बड़े से बड़े नेताओ तक के चौखट में अपनी उपस्थिति दर्ज करा चुके डा तरु तिवारी को अब भी उम्मीद है कि देर से सही उनके साथ न्याय होगा ।
प्रदेश की भूपेश बघेल सरकार किसानों के हित में बड़ी घोषणाएं कर भारी बहुमत से सत्ता में आई और वादे के अनुरूप किसानों के हित में तेजी से निर्णय भी लिए ।प्रदेश के किसान भूपेश बघेल सरकार के फैसलों से खुश है मगर किसानों की अग्रणी संस्था जिला सहकारी केन्द्रीय बैंक को एक अदद चेयरमैन दो साल बाद भी नहीं मिल पाया है ।
इसके पीछे सरकार की क्या मंशा है यह तो वही जाने मगर जिला सहकारी बैंक में किसानों का प्रतिनिधि नहीं होने से किसानों के साथ पर्याप्त न्याय नहीं हो रहा है और वे बैंक के अधिकारी ,कर्मचारियों पर आश्रित है ।
बैंक के चेयरमैन पद के लिए पिछले 2 साल से सहकारिता के क्षेत्र में वर्षों से जुड़े डॉ तरु तिवारी काफी मेहनत करते आ रहे है । कांग्रेस के हर आंदोलन में व कार्यक्रम में बढ़ चढ़ कर हिस्सा लेने वाले डॉ तरु तिवारी कांग्रेस भवन में पुलिस की लाठियां खा कर गिरफ्तारी भी दी थी । उनके पक्ष में कांग्रेस के छोटे से छोटे कार्यकर्ता से लेकर पार्टी के बड़े बड़े नेताओ ,मंत्री विधायक ,पदाधिकारी तक ने चेयरमैन बनाने की अनुशंसा लिख प्रदेश सरका र को भेजे । सांसद ,विधायक ,पूर्व सांसद , पूर्व राज्यसभा सदस्यों कांग्रेस के तमाम आनुषंगिक संगठनों के पदाधिकारियों आदि ने भी तरु तिवारी के समर्थन में अनुशंसा की मगर बात अभी तक नहीं बनी इसी बीच चेयरमैन बनने और भी कई दावेदार सामने आ गए ।
अब जबकि मरवाही का उपचुनाव भी हो चुका और उसके बाद सरकार और पार्टी के समक्ष अब निर्णय लेने का समय आ गया है । सम्भावना की जानी चाहिए कि जिला सहकारी बैंक के चेयरमैन समेत और भी खाली पड़े पदों पर जल्द से जल्द नियुक्ति /मनोनयन सरकार कर देगी ।